ऑफिस खाली हुआ तो पीछे छोड़ गया विवाद, मकान में तोड़फोड़ का आरोप ..

अधिवक्ता के माध्यम से विधिक नोटिस भेजकर क्षतिपूर्ति की मांग भी की गई, लेकिन कंपनी की ओर से कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला. इसके बाद मकान मालकिन ने पुलिस की शरण ली.



                             

  • मैत्री छाया अपार्टमेंट की मकान मालकिन ने फाइनेंस कंपनी के अधिकारियों के खिलाफ नगर थाना में दिया आवेदन.
  • करीब 1.50 लाख रुपये की क्षति का दावा, पुलिस ने जांच शुरु की

बक्सर टॉप न्यूज़, बक्सर : शहर के समाहरणालय रोड स्थित मैत्री छाया अपार्टमेंट में संचालित एक निजी फाइनेंस कंपनी का कार्यालय बंद होने के बाद अब विवाद गहरा गया है. मकान मालकिन ने आरोप लगाया है कि कंपनी के अधिकारियों ने किराये का परिसर खाली करते समय मकान के कई हिस्सों में तोड़फोड़ कर दी, जिससे उन्हें करीब 1.50 लाख रुपये का नुकसान हुआ. इस मामले में बक्सर नगर थाना में आवेदन देकर प्राथमिकी दर्ज करने और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की गई है.

आवेदन के मुताबिक, मैत्री छाया अपार्टमेंट के मकान संख्या-203 निवासी तलवीन मिश्रा ने अपने मकान के भूतल का लगभग 200 वर्गफीट हिस्सा, दो रसोईघर, तीन बाथरूम, बरामदा और पार्किंग स्थल फ्यूजन फाइनेंस लिमिटेड को किराये पर दिया था. कंपनी यहां अपनी बक्सर शाखा संचालित कर रही थी. दोनों पक्षों के बीच हर 11 महीने पर किरायानामा का नवीनीकरण किया जाता था.

कई बार हुआ किरायानामा का नवीनीकरण

शिकायत में बताया गया है कि 10 सितंबर 2024 को नया किरायानामा किया गया था. उस दौरान हुई एक त्रुटि को कंपनी के प्रतिनिधियों ने स्वीकार करते हुए भविष्य में ऐसी गलती नहीं करने का भरोसा दिया था. इसके बाद 25 अगस्त 2025 को भी किरायानामा का नवीनीकरण किया गया.

फर्श, दरवाजे और बिजली फिटिंग को नुकसान पहुंचाने का आरोप

मकान मालकिन का आरोप है कि कंपनी के उप प्रबंधक (प्रशासनिक) राजीव कुमार, सहायक उपाध्यक्ष सुनील कुमार सिंह, शाखा प्रबंधक मिथुन कुमार सहित अन्य जिम्मेदार अधिकारियों ने परिसर खाली करते समय फर्श, प्लास्टर, इलेक्ट्रिक बोर्ड, लकड़ी के जंगले, बाथरूम के दरवाजे समेत कई हिस्सों को क्षतिग्रस्त कर दिया. आवेदन में इन सभी क्षतियों का मूल्य लगभग 1.50 लाख रुपये बताया गया है.

नोटिस के बाद भी नहीं हुआ समाधान

आवेदन के अनुसार, कंपनी को पहले परिसर खाली करने का नोटिस दिया गया था. इसके बाद अधिवक्ता के माध्यम से विधिक नोटिस भेजकर क्षतिपूर्ति की मांग भी की गई, लेकिन कंपनी की ओर से कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला. इसके बाद मकान मालकिन ने पुलिस की शरण ली.

आवेदन के आधार पर जांच शुरू

मकान मालकिन ने संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कर कानूनी कार्रवाई और हुए नुकसान की भरपाई कराने की मांग की है. इस संबंध में नगर थानाध्यक्ष मनोज कुमार सिंह ने बताया कि प्राप्त आवेदन के आलोक में मामले की जांच की जा रही है. जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर आगे की विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी.













Post a Comment

0 Comments