जिलाध्यक्ष पर मनमानी और तानाशाही रवैया अपनाने का आरोप लगाते हुए एक साथ 11 मंडल अध्यक्षों ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया. सभी मंडल अध्यक्षों ने अपना इस्तीफा प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी समेत पार्टी के शीर्ष पदाधिकारियों को भेज दिया है.
बक्सर भाजपा में मचा सियासी घमासान. संगठन के भीतर खुलकर सामने आई नाराजगी
जिला अध्यक्ष बोले. शो कॉज से बचने के लिए दिया गया इस्तीफा, आरोप बेबुनियाद
बक्सर टॉप न्यूज़, बक्सर : जिला भाजपा में शुक्रवार को उस समय बड़ा राजनीतिक घटनाक्रम सामने आया, जब जिलाध्यक्ष पर मनमानी और तानाशाही रवैया अपनाने का आरोप लगाते हुए एक साथ 11 मंडल अध्यक्षों ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया. सभी मंडल अध्यक्षों ने अपना इस्तीफा प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी समेत पार्टी के शीर्ष पदाधिकारियों को भेज दिया है. सामूहिक इस्तीफे से जिले की संगठनात्मक राजनीति में हलचल तेज हो गई है.
सबसे बड़ा झटका ब्रह्मपुर और बक्सर विधानसभा में
इस्तीफा देने वालों में सबसे अधिक संख्या ब्रह्मपुर और बक्सर विधानसभा क्षेत्र की है. ब्रह्मपुर विधानसभा के सात मंडलों में एक पद पहले से रिक्त है, जबकि शेष छह में से चार मंडल अध्यक्षों ने इस्तीफा दे दिया. वहीं बक्सर विधानसभा के छह मंडलों में से पांच मंडल अध्यक्षों ने अपने पद छोड़ दिए.
डुमरांव और राजपुर में भी असर
डुमरांव विधानसभा क्षेत्र के छह मंडलों में से सोनवर्षा मंडल अध्यक्ष पिंकू कुमार चौबे ने इस्तीफा दिया है. वहीं राजपुर विधानसभा क्षेत्र में कोरानसराय मंडल अध्यक्ष धर्मेंद्र कुमार पांडेय ने भी अपने पद से त्यागपत्र दे दिया.
इन मंडल अध्यक्षों ने छोड़ा पद
सामूहिक इस्तीफा देने वालों में बक्सर ग्रामीण के दीपक कुमार सिंह, चौसा ग्रामीण के प्रकाश राय, पांडेय पट्टी के अजय कुमार उर्फ अजय भट्ट, नगर पंचायत चौसा की सविता देवी, कोरानसराय के धर्मेंद्र कुमार पांडेय, सोनवर्षा के पिंकू कुमार चौबे, चक्की के विनोद कुमार उपाध्याय, डुमरी के बंशीधर पांडेय, नियाजीपुर के अतिश कुमार, बगेन के उदय उज्जैन तथा बक्सर पश्चिमी के अजय कुमार वर्मा शामिल हैं.
प्रदेश नेतृत्व को भेजा गया इस्तीफा
सभी मंडल अध्यक्षों ने अपना इस्तीफा प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी के साथ-साथ पार्टी के अन्य वरिष्ठ पदाधिकारियों को भी भेजा है. इससे स्पष्ट है कि मामला केवल जिला स्तर तक सीमित नहीं रखा गया है, बल्कि प्रदेश नेतृत्व के संज्ञान में भी लाया गया है.
जिला अध्यक्ष ने दिया जवाब
भाजपा जिला अध्यक्ष ओमप्रकाश भवन ने सामूहिक इस्तीफे को अलग नजरिए से देखा है. उन्होंने कहा कि संबंधित मंडल अध्यक्ष अभ्यास वर्ग का बहिष्कार कर कार्यक्रम से अनुपस्थित रहे थे. इस कारण उन्हें शो कॉज नोटिस जारी किया गया था. उनका आरोप है कि उसी कार्रवाई से नाराज होकर उन्हें निशाना बनाने की मंशा से सामूहिक इस्तीफा दिया गया है.
संगठन में बढ़ सकती है सियासी हलचल
एक साथ 11 मंडल अध्यक्षों के इस्तीफे ने भाजपा के जिला संगठन में नई बहस छेड़ दी है. अब सभी की नजर प्रदेश नेतृत्व पर है कि वह इस पूरे मामले में क्या रुख अपनाता है और संगठनात्मक विवाद को कैसे सुलझाया जाता है.






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