इटाढ़ी रेलवे क्रॉसिंग खुली तो बोले आंदोलनकारी : ‘जनता की ताकत से मिली जीत, अब एफआईआर भी खत्म कराएंगे’ ..

कहा कि क्रॉसिंग बंद रहने से छात्र-छात्राओं, बुजुर्गों और आम लोगों को भारी परेशानी हो रही थी. संगठन के पत्र के बाद रेलवे की ओर से क्रॉसिंग दोबारा खोलने की जानकारी दी गई. उन्होंने कहा कि अब आंदोलन के दौरान दर्ज एफआईआर को खत्म कराने की मांग भी रेल प्रशासन के समक्ष रखी जाएगी.

 





                           


  • 15 दिन के धरने के बाद रेलवे ने खोला क्रॉसिंग, सरोज राजभर ने रेल प्रशासन और बक्सर की जनता को दी बधाई
  • ओवरब्रिज की गुणवत्ता, सड़कों और जलजमाव पर भी आंदोलन की चेतावनी, बोले- जनता के पैसे का हिसाब होना चाहिए

बक्सर टॉप न्यूज़, बक्सर : इटाढ़ी रेलवे क्रॉसिंग खुलने के बाद दलित अति पिछड़ा स्वाभिमान संघर्ष मोर्चा ने इसे बक्सर की जनता के संघर्ष की जीत बताया है. मोर्चा के जिला संयोजक सरोज राजभर और महिला जिला अध्यक्ष कृष्णवती देवी ने रेलवे क्रॉसिंग खुलने पर रेल प्रशासन और जिला प्रशासन को बधाई देते हुए कहा कि आंदोलन के दौरान उठाई गई जनता की मांग आखिरकार मानी गई. दोनों नेताओं ने कहा कि यह किसी व्यक्ति विशेष की नहीं, बल्कि आम लोगों की जरूरत से जुड़ी लड़ाई थी.

सरोज राजभर ने कहा कि क्रॉसिंग बंद रहने से छात्र-छात्राओं, बुजुर्गों और आम लोगों को भारी परेशानी हो रही थी. संगठन के पत्र के बाद रेलवे की ओर से क्रॉसिंग दोबारा खोलने की जानकारी दी गई. उन्होंने कहा कि अब आंदोलन के दौरान दर्ज एफआईआर को खत्म कराने की मांग भी रेल प्रशासन के समक्ष रखी जाएगी. उनका तर्क है कि जब रेलवे ने क्रॉसिंग खोल दी है तो इससे यह स्पष्ट होता है कि जनता की मांग गलत नहीं थी.

‘एफआईआर खत्म कराने तक जारी रहेगा प्रयास’

सरोज राजभर ने कहा कि आंदोलन के दौरान जिन लोगों पर मुकदमे दर्ज हुए, उनके मामले को वापस लेने के लिए संगठन रेल प्रशासन से आग्रह करेगा. उन्होंने कहा कि आंदोलनकारियों ने कोई तोड़फोड़ या रेलवे ट्रैक को नुकसान नहीं पहुंचाया था. अब उनकी मांग है कि जनता को इस मामले में न्याय मिले.

ओवरब्रिज की गुणवत्ता पर उठाए सवाल

क्रॉसिंग खुलने के बाद आंदोलनकारियों ने अगला मुद्दा इटाढ़ी रेलवे ओवरब्रिज को बनाया है. सरोज राजभर ने ओवरब्रिज की गुणवत्ता और निर्माण में कथित अनियमितताओं की जांच की मांग की. उन्होंने कहा कि जनता के पैसे से बने काम में यदि गड़बड़ी हुई है तो जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई के साथ रिकवरी भी होनी चाहिए.

दशहरा से पहले जर्जर सड़कों को लेकर चिंता

उन्होंने झाड़सू रोड, पांडेय पट्टी, पीसी कॉलेज के पास की सड़क और ज्योति चौक से ओवरब्रिज तक के इलाके की बदहाल स्थिति का भी मुद्दा उठाया. उनका कहना है कि दशहरा के दौरान बड़ी संख्या में लोग घरों से निकलेंगे, ऐसे में टूटी सड़कों, नालियों और जलजमाव से लोगों को परेशानी हो सकती है. उन्होंने संबंधित विभागों से जल्द स्थिति सुधारने की मांग की.

‘छह महीने बाद बंद होने की बात का प्रमाण नहीं’

सरोज राजभर ने कहा कि उनके पास ऐसा कोई प्रमाण नहीं है जिससे यह साबित हो कि रेलवे क्रॉसिंग सिर्फ छह महीने के लिए खोली गई है. उन्होंने कहा कि बक्सर की जनता ने संघर्ष कर क्रॉसिंग खुलवाई है और अब इसे दोबारा बंद नहीं होने देने के लिए भी आवाज उठाई जाएगी. उन्होंने रेल मंडल और रेल मंत्रालय से क्रॉसिंग को चालू रखने का आग्रह किया.

कृष्णवती देवी बोलीं- यह जनता की मांग थी

मोर्चा की महिला जिला अध्यक्ष कृष्णवती देवी ने कहा कि आंदोलन किसी निजी हित के लिए नहीं था. यह बक्सर की जनता की मांग थी. उन्होंने 15 दिनों तक धरना देने वाले आंदोलनकारियों और बक्सर की जनता का आभार जताते हुए कहा कि क्रॉसिंग का खुलना संघर्ष की सफलता है.

















Post a Comment

0 Comments